Omicron से बचने के लिए आप जरूर करें ये 3 काम

दक्षिण अफ्रीका में मिले कोरोना के नए ओमिक्रॉन वैरिएंट ने चिंता बढ़ा दी है. देश में इसकी रफ्तार तेज होती जा रही है.

केंद्र सरकार ने भी इस बात को लेकर आगाह किया है कि ओमिक्रॉन डेल्टा वैरिएंट की तुलना में ज्यादा संक्रामक है. ओमिक्रॉन से बचाव में सावधानी बहुत जरूरी.

भारत में ओमिक्रॉन के साथ-साथ कोरोना के पुराने स्ट्रेन के मामले भी फिर बढ़ने लगे हैं. ओमिक्रॉन की संक्रामकता दर देखकर अंदाजा लगाया जा रहा है कि आने वाला है.

ऐसे में भारत में वैक्सीनेशन का काम और तेजी से पूरा करने के प्रयास तेज कर दिए गए हैं. ओमिक्रॉन वैक्सीन से मिली इम्यूनिटी को भी चकमा देने में महिर है इसलिए अब देश में बूस्टर की भी मांग तेज हो रही है.

देश के प्रसिद्ध हेल्थ एक्सपर्ट्स ने आजतक से खास बातचीत में ओमिक्रॉन वैरिएंट से बचाव के लिए कई तरह की सलाह दी हैं. साथ ही बूस्टर डोज की जरूरत के बारे में भी बताया है.

महामारी और संक्रामक विशेषज्ञ डॉक्टर चंद्रकांत लहरिया ने कहा, 'ओमिक्रॉन से बचाव में मास्क लगाना, सही वेंटीलेशन रखना और वैक्सीन की दोनों डोज लगवाना ही हथियार है.

स्टार इमेजिंग और पैथ लैब्स के निदेशक डॉक्टर समीर भाटी ने बूस्टर को जरूरी बताते हुए कहा, 'भारत में वैक्सीन की इतनी संख्या है कि फ्रंट लाइन वर्कर्स को तीसरी डोज दिया जाना बहुत जरूरी है.'

जसलोक अस्पताल के मेडिकल रिसर्च ऐंड न्यूरोफिजिसिस्ट के डायरेक्टर डॉक्टकर राजेश पारिख ने आजतक से खास बातचीत में कहा कि ओमिक्रॉन के बढ़ते संक्रमण को देखते हुए फिलहाल पर्यटन को रोक देने में ही भलाई है.